राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड द्वारा आयोजित पीटीआई भर्ती 2022 में शिक्षा विभाग ने फर्जीवाड़े की पुष्टि की है। विभाग ने माना है कि भर्ती में डिग्रियों को लेकर बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़ा हुआ है। शिक्षा विभाग ने भर्ती में चयनित 4500 अभ्यर्थियों के दस्तावेजों की दोबारा जांच कराने का फैसला किया है। साथ ही, चयनित अभ्यर्थियों के स्थायीकरण और वेतन नियमितीकरण पर रोक लगा दी गई है।
विभाग ने एक जाँच समिति गठित की है जो दस्तावेजों की दोबारा जाँच करेगी। गौरतलब है कि 5546 पदों के लिए भर्ती निकाली गई थी। इनमें से लगभग 4500 की नियुक्ति हो गई। भर्ती में बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों ने बैकडेट की डिग्रियाँ लगाई थीं। जाँच के बाद 300 से ज़्यादा अभ्यर्थियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। साथ ही, 1800 से ज़्यादा के खिलाफ जाँच चल रही है।
राजस्थान में कई सरकारी भर्तियों में विवाद
दरअसल, राजस्थान में वर्ष 2018 से शुरू हुई कई सरकारी भर्तियाँ सवालों के घेरे में हैं। इनमें से 5 से ज़्यादा भर्तियाँ विवादों में हैं। कुछ भर्तियों में अभी भी जाँच चल रही है। आरएएस भर्ती 2018 में इंटरव्यू के दौरान रिश्वतखोरी का मामला सामने आया था। कांस्टेबल भर्ती 2019, रीट भर्ती 2021, फायरमैन भर्ती 2021 और पटवारी भर्ती 2021 भी विवादों में है।
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